स्वास्थ्य केंद्र के रैन बसेरे में अवैध कब्जे
मामला ब्लाक मुख्यालय अमरपुर के स्वास्थ्य केंद्र का है
CCN/ब्योरो रिपोट।डिंडोरी/जिले के स्वास्थ्य केंद्र
अमरपुर में वर्षों पहले निर्मित रैन बसेरा आज अपनी उपयोगिता खो चुका है। करीब 10–15 वर्षों से बना यह भवन या तो अतिक्रमण की चपेट में है या फिर उस पर अवैध रूप से कब्जा धारी संचालित की जा रही है। स्थिति इतनी गंभीर है कि यह तक स्पष्ट नहीं है कि रैन बसेरा पंचायत के अधीन है या अस्पताल के प्रशासन के, और न ही यह जानकारी है कि वहां से किराया कौन वसूल रहा है।
इस अव्यवस्था का खामियाजा मरीजों, उनके परिजनों और
नर्मदा परिक्रमा वासियों को भुगतना पड़ रहा है, जो छांव और बैठने की सुविधा के अभाव में खुले आसमान के नीचे जमीन पर बैठने को मजबूर हैं। तपती धूप में घंटों इंतजार करना उनकी मजबूरी बन गया है।
मामला क्षेत्रीय विधायक ओमप्रकाश धुर्वे की अंत्योदय समीक्षा बैठक में भी उठ चुका है, जहां तहसीलदार और पटवारी को रैन बसेरा खाली कराने व साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए थे। बावजूद इसके, तीन-चार महीने बीत जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है, जिससे प्रशासनिक उदासीनता साफ झलकती है।
वहीं, बैठक में बीएमओ से रोगी कल्याण समिति और आय-व्यय का हिसाब मांगा गया, लेकिन वे संतोषजनक जानकारी नहीं दे सके। विधायक द्वारा फटकार लगाते हुए पारदर्शिता बरतने और राशि का उपयोग साफ-सफाई व सुविधाओं पर करने के निर्देश भी दिए गए थे। इसके उलट, रोगी पर्ची ₹5 के बजाय ₹10 और सराय शुल्क ₹50 तक वसूले जाने के आरोप लग रहे हैं।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों का कहना है कि जब जनहित के मुद्दों पर भी जिम्मेदार अधिकारी गंभीर नहीं हैं, तो आम जनता को सुविधा मिलना मुश्किल है। शासन-प्रशासन से जल्द हस्तक्षेप कर व्यवस्था सुधारने की मांग की गई है
